विश्व कपः कितनी तैयार है टीम इंडिया
सेंचुरियन में हुए पहले टेस्ट मैच में दक्षिण अफ्रीका ने भारत को पारी और 25 रनों से मात दी थी. उसके बाद से ही भारत की रैंकिंग को लेकर सवाल उठने शुरू हो गए थे, लेकिन डरबन में हुए दूसरे टेस्ट मैच में भारत ने दक्षिण अफ्रीका को उसी की धरती पर 87 रनों से हराकर साबित कर दिया कि रैंकिंग का असली हक़दार अब भी वही है. बल्लेबाज़ों के लिए कब्रगाह कही जाने वाली स्विंग और उछाल भरी पिच वाले किंग्समीड स्टेडियम पर अपनी शानदार पारी खेलकर भारतीय बल्लेबाज़ों ने बता दिया कि वे ऐसी पिच पर भी विपक्षी खिलाड़ियों को धूल चटा सकते हैं. डरबन में भारत की ऐतिहासिक जीत से इसलिए खुश होने की ज़रूरत है, क्योंकि 19 फरवरी से शुरू होने वाले विश्वकप से ठीक पहले साल 2010 में भारत ने ऐसे-ऐसे विपक्षी धुरंधरों को हराया है, जो विश्वकप में टीम के सामने रोड़ा साबित होते रहे हैं.
टीम इंडिया का असली मिशन है विश्वकप 2011, लेकिन विश्वकप में जीत के लिए टीम इंडिया की राह भी आसान नहीं है. एक तऱफ भारतीय टीम का कीर्तिमान है तो दूसरी तऱफ टीम के खिलाड़ियों की फिटनेस का सवाल.
कहा जाए तो विश्वकप से पहले यह शुरुआती ट्रायल है, लेकिन टीम इंडिया के लिए असली परीक्षा की घड़ी विश्वकप है. हालांकि उसके लिए फिटनेस का मामला चिंता का विषय रहा है. ऐसे में ज़रूरी है कि टीम अति उत्साहित न होती रहे और अपनी जीत का सिलसिला कायम रखे. डरबन में मिली जीत के साथ ही जहां भारत की रैंकिंग में सुधार हुआ, वहीं कई भारतीय खिलाड़ियों ने बेहतर प्रदर्शन से पहली बार टेस्ट क्रिकेट के टॉप टेन में अपनी जगह बना ली. वीवीएस लक्ष्मण ने दूसरे टेस्ट में ज़हीर ख़ान के साथ 70 रनों की अहम साझीदारी की. लक्ष्मण ने इस मैच में 96 रन बनाए, जिसके साथ ही उन्हें पहली बार टेस्ट रैंकिंग के टॉप टेन में जगह मिली है. लक्ष्मण 9वें पायदान पर पहुंच गए हैं. वहीं दूसरे टेस्ट मैच में 93 रन देकर 6 विकेट गिराने वाले ज़हीर खान पहली बार चौथे पायदान पर पहुंचे हैं.
टीम इंडिया का असली मिशन है विश्वकप 2011, लेकिन विश्वकप में जीत के लिए टीम इंडिया की राह भी आसान नहीं है. एक तरफ भारतीय टीम का कीर्तिमान है तो दूसरी तरफ टीम के खिलाड़ियों की फिटनेस का सवाल. टीम में कई ऐसे खिलाड़ी हैं, जिनकी फिटनेस पर संदेह किया जाता रहा है. वीरेंद्र सहवाग कंधे की चोट से फिर परेशान हैं. सहवाग की इसी परेशानी की वजह से दक्षिण अफ्रीका के खिला़फ 12 जनवरी से शुरू हो रही वन डे सीरीज में उनका खेलना संदिग्ध है. उनकी जगह रोहित शर्मा को मौक़ा मिल सकता है. सहवाग कंधे की परेशानी की वजह से इससे पहले भी टी-20 विश्वकप के दो मैचों में नहीं खेल सके थे. टीम में खिलाड़ियों का फिट-अनफिट होना चलता रहता है, लेकिन भारतीय टीम इससे कुछ ज़्यादा ही परेशान है. इसी साल भारतीय कोच गैरी कर्स्टन ने युवराज सिंह, ज़हीर ख़ान और रोहित शर्मा जैसे खिलाड़ियों की फिटनेस पर भी सवाल उठाए थे. इसके अलावा आशीष नेहरा और रविंद्र जडेजा की फिटनेस पर भी सवाल उठे थे. कर्स्टन ने कहा था कि 42 साल की उम्र में भी वह कई भारतीय खिलाड़ियों से ज़्यादा फिट हैं.
विश्वकप से पहले भारतीय टीम ने जीत का ज़बरदस्त आगाज़ किया है. भारत ने जनवरी 2000 से अब तक विदेशी ज़मीन पर 23 टेस्ट मैच जीते हैं. वहीं साल 2000 से पहले टीम इंडिया विदेशी धरती पर केवल 13 टेस्ट मैच जीत पाने में सफल रही थी. 1990 के दशक की बात करें तो भारत ने विदेशी धरती पर 39 टेस्ट मैच खेले थे, जिनमें उसने एक में ही जीत हासिल की. 15 मैच हारे थे और 23 ड्रॉ रहे. भारत ने 2000 से जिस तरह विदेशी धरती पर जीत हासिल की है, वे आंकड़े बताते हैं कि भारतीय बल्लेबाज़ पहले के मुकाबले अब स्विंग और उछाल भरी पिचों पर बेहतर खेल सकते हैं. इसके अलावा विश्वकप से पहले साल 2010 से जिस तरह जीत का सिलसिला बना है, उससे साफ है कि विश्वकप में इस बार भारतीय क्रिकेट प्रेमियों के लिए कुछ नया होने वाला है. लेकिन टीम इंडिया को उस पर खरा उतरने के लिए अपनी सबसे बड़ी समस्या फिटनेस पर ध्यान देना होगा, तभी विश्पकप में चमत्कारी जीत मिल सकती है.
डरबन में हासिल उपलब्धि
- भारत ने डरबन टेस्ट में जीत हासिल कर दक्षिण अफ्रीका को उसकी धरती पर दूसरी बार हराने में सफलता पाई. इससे पहले 2006 में जोहानिसबर्ग में भारत को 123 रनों से जीत मिली थी.
- भारत-दक्षिण अफ्रीका के बीच अब तक हुए कुल 26 टेस्ट मैचों में भारत की यह सातवीं जीत है. भारत को दक्षिण अफ्रीका के हाथों 12 टेस्ट मैचों में हार मिल चुकी है. बाकी मैच ड्रॉ रहे.
- साल 2010 में भारत की यह आठवीं जीत है.
- महेंद्र सिंह धोनी टेस्ट मैच में टीम इंडिया का जीत का प्रतिशत 60 तक पहुंचाने वाले पहले भारतीय कप्तान बने.
- वीवीएस लक्ष्मण ने डरबन टेस्ट मैच में 96 रनों की शानदार पारी खेलकर भारत को दूसरी बार जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई. लक्ष्मण पहली बार टेस्ट रैंकिंग में टॉप टेन में शामिल हुए. इससे पहले साल 2001 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ कोलकाता टेस्ट में लक्ष्मण ने 281 रनों की बेहतरीन पारी खेली थी.
- श्रीसंत ने 2010 का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन डरबन टेस्ट मैच में दिखाया. उन्होंने 45 रन देकर तीन विकेट हासिल किए.
विश्वकप से पहले भारत का विजय अभियान
- न्यूज़ीलैंड के साथ हुई टेस्ट सीरीज में भारत ने 1-0 से जीत हासिल की. वन डे मैचों में उसने न्यूज़ीलैंड को 5-0 से हराकर क्लीन स्वीप कर दिया.
- ऑस्ट्रेलिया के साथ हुई टेस्ट सीरीज में भारत ने 2-0 से जीत हासिल की. वहीं वन डे मैचों में उसने 1-0 से सीरीज जीती. दो मैच बारिश की वजह से बेनतीजा रहे.
- एशिया कप 2010 में भारत ने श्रीलंका को हराकर कप पर क़ब्ज़ा किया. भारत ने 15 साल बाद एशिया कप में जीत हासिल की.
नए कीर्तिमान
- 2010 में टीम इंडिया की तरफ से टेस्ट मैचों में कुल 23 शतक. वहीं वन डे मैचों में 12 शतक टीम इंडिया के नाम हैं. 2010 में वन डे और टेस्ट मैचों में भारतीय बल्लेबाज़ों ने दुनिया में सबसे ज़्यादा शतक बनाने का रिकॉर्ड बनाया.
- 2010 में हुए कुल 14 टेस्ट मैचों में से भारत ने 8 में जीत हासिल की, 3 मैच हारे, जबकि 3 ड्रॉ रहे.
- 2010 में खेले गए कुल 27 मैचों में से 17 में भारत ने जीत हासिल की, वहीं
- ·10 हारे.
- वन डे और टेस्ट मैचों में भारत की जीत का प्रतिशत दुनिया की क्रिकेट टीमों से का़फी आगे है.
http://www.chauthiduniya.com/2011/01/vishv-cup-kitani-taiyar-he-teem-india.html
विश्व कपः कितनी तैयार है टीम इंडिया
Reviewed by kumar sushant
on
8:44 PM
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